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शनिवार, 6 सितंबर 2025

श्री अन्नपूर्णा माता उम्मेदाबाद गोल

श्री श्री १००८ श्री परम पूज्य मां अन्नपूर्णा जी आज से १००२ साल पहले विक्रम शवत १०७४वर्षे ११वि शताब्दी ग्राम रूचियार मे जाती चौधरी ( कलबी ) ओड़ गौत्र मे पिता श्री मोडवलजी के घर में माता अन्नपूर्णा अवतरित हुई पूर्व जन्म संस्कार वश उनके आदर्श भारतीय नारी एवं परम योगिनी के सभी गुण जन्म से ही मोजुद प्राप्त थे । और बचपन का ना अन्नु था! बाई अन्नु का बाल विवाह ग्राम कत्रोसन मे बोका गौत्र के बालक के साथ हुआ था जीस बालक का जन्म कत्रोसण के धुणी वाले (परम पूज्य योगीराज श्री नारायण भारती) नागाजी के सशर्त वरदान से हुआ था । अत:वे उनके शिष्य बनकर दामोदर भारती हो गये। सावन की तीज का त्यौहार मनाने अपनी सखियों के साथ गाँव के छोटे से तालाब मे फुल और दिपक तराने गई वहा अपनी सखियों द्वारा पती के सन्यास ग्रहण का ताना मारा ताना सुन बाई अन्नु को वैराग विचलित हो गई परिवार के लोगों ने और अपने माता पिता ने बहोत समजाने की कोशिष कही लेकिन बाई अन्नु ऐक नही मानी हठ पूर्वक धुणी वाले नागाजी के श्री चरणों मे उपस्थित हो गई उनकी ही शिष्या अन्नपूर्णा भारती बन गई पति चरणानुगामि गई तथा गुरु सेवा के साथ साथ योग साधना में रत रहने लगी
विक्रम संवत ११०१ वैशाख शुक्ल पक्ष ३ को अपने गुरूजी के निर्देशन मे कवारी जगह देक कर मंठ की संस्थापना एवं भगवान श्री शिलेश्वर महादेव मंदिर निर्माण करवाया और आपका महतपूर्व योगदान रहा।
दूसरे महन्त श्री दामोदर भारती के कार्यकाल
मे बादशाह अलशमत के सुबेदार को अपनी योग सिद्धी(परचा) देकर नतमस्तक कीया इस क्षेत्र में गौ हत्या बन्द करवाई सूबेदार द्वारा ५०० हल की जमीन भेट १०८ गाँवो के गुरु द्वारा की मान्यता सविकार करने के साथ-साथ आम जनता के सहयोग से अन्नक्षेत्र की परिपाटी (कटाला ) कायम कीया।
अपनी योग साधना के साथ-साथ ३५१ वर्ष तक मठ के विकास मे अपना अविस्मरणीय योगदान रहा। चौथे महन्त श्री १००८ जयदेव भारती के कार्यकाल मे विक्रम संवत १४२५ भादवा सुद १४ को योगमार्ग द्वारा जीवित समाधि लेकर कैलाश धाम पधार गये।आप नित्य पूजनीय एवं वंन्दनीय है ।
अन्नपूर्णे सदापूर्णे शंकरप्राण बल्लभे।
,ज्ञान वैराग्य सिद्धर्थं भिक्षां देहि च पार्वती।।

शिष्या दम्पति प्राप्तो निम्नोनारायण स्य चां ।
माता श्री अन्नपूर्णा चं श्री दामोदर भारती ।।
सिद्धात तुभौ तपोमॆध्य माता सिद्ध विशेषतं: ।
तपस्या तप प्रभावेण मठ परन्याती भागत।।
श्री परम पूज्य मॉं पार्वती स्वरूप मॉं अन्नपूर्णा जी की 657 वी पुण्यतिथि पर शत् शत् नमन प्रणाम 🙏🚩💐💐

शनिवार, 8 जून 2024

जालौर सिरोही सांसद श्री लुबारामजी चौधरी

लुम्बाराम चौधरी शुरू से ही बीजेपी के सक्रिय कार्यकर्ता रहे हैं. सिरोही पंचायत समिति के एक बार प्रधान, जिला परिषद सदस्य व दो बार सिरोही बीजेपी के जिलाध्यक्ष रह चुके हैं. वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव में लुम्बाराम ने सिरोही से टिकट की मांग की थी, लेकिन टिकट नहीं दी थी. .लुम्बाराम को जालोर संसदीय क्षेत्र का उम्मीदवार बनाकर बीजेपी ने सरप्राइज दिया है.

लुम्बाराम चौधरी की शिक्षा  

लुम्बाराम चौधरी जमीनी कार्यकर्ता है, जिनकी भाजपा के हर छोटे कार्यकर्ता तक पहुंच है. 10वीं तक पढ़ाई करने वाले लुंबाराम चौधरी 1982 में राजनीति में सक्रिय हुए, जिसमें वह मीरपुर के बूथ प्रभारी बने. इसके बाद किसान मोर्चा देहात अध्यक्ष रहे और फिर उन्होंने पीछे मुड़ कर नहीं देखा. जिले में तीन बार लुंबाराम चौधरी जिलाध्यक्ष रहे. इसके साथ ही प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य रहे हैं.

लुम्बाराम चौधरी की राजनीति

चौधरी ने पहला चुनाव 1995 में वाडेली ग्राम पंचायत में वार्ड पंच का लड़ा और जीते. 2005 में सिरोही पंचायत समिति सदस्य के रूप में उन्होंने चुनाव जीता और समिति के प्रधान बने. 2020 में जिला परिषद सदस्य का चुनाव लड़े और जीते. अब लोकसभा का टिकट मिलने पर उनके समर्थको में खुशी की लहर है. समर्थक एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर बधाई दे रहे हैं. सोशल मीडिया पर लुम्बाराम को बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है.
#lubaramji 

शनिवार, 27 मार्च 2021

आपको और आपके परिवार को होली की हार्दिक शुभकामनाएं| जगदीश आँजणा खेतलावास


 यह होली अपने खुशनुमा रंगों के साथ आप सभी के जीवन मे खुशियो के रंगों को भर दे।

आपको और आपके परिवार को होली की हार्दिक शुभकामनाएं|


       *~जगदीश आँजणा*

              *खेतलावास*

8291166632

#khetlawas 

मंगलवार, 21 अप्रैल 2020

पूज्य ब्रह्ममलीन संत श्री 1008 देवारामजी महाराज के उपदेश


श्री 1008 देवारामजी महाराज के उपदेश
               नशा के प्रति
देह सूं राखो दूर नशों देश रो नाश हैं
परतक अवगुण पूर दाखो देवाराम यूँ।।
रूलगा राजा रईस,  कंगाल होगा क्रोडपत
खरो दाऊ खईस दाखे देवाराम यूं
धोबो धोबो धूर पङे दारूङिया पुरूष रे
नर रो गमावे नूर दाखे देवाराम यूं
दारू मोटो दोश इणने मती अरोगजो
हुवे न पिओ होश दागल करो ने देह ने
जीवन धन ले खोश दाखे देवाराम यूं
रोवे दिन अर रेण अमली रो अर्धागना
बोले अबका बेण दाखे देवाराम यूं
अमल न खावो आप  डोडो सूं दुरा रहों
पले व बांधोपाप दाखे देवाराम यूं
नशो देशरोनाश मिटगा कई महिपति
बणिया काल रा ग्रास दाखे देवाराम यूं
होवे निज रो हण पाडोसी पतला पङे
नशो नाम नुकसान दाखे देवाराम यूं
दारू रा लाख दोश गधो पिये न गिडकडो
जबक जितो है जोश दाखे देवाराम यूं


बोलो श्री देवारामजी महाराज की
जगदीश आँजणा खेतलावास


शुक्रवार, 17 अप्रैल 2020

#श्री_राजेश्वर_भगवान_की_भविष्यवाणीयाँ_जो_आज_से_80
वर्ष पूर्व की गई,जो आज सत्य सिद्ध हो रही ।
सुणजो रे संसारी लोगों ऐसा जमाना आवेला ।
धर्म पुण्य में ध्यान न धरसी , पाप घणो बध जावेला ।
देवों ने पूजे नहीं पापी , गोविंद ने नहीं गावेला ।
गंगा गयो पाप घण लागे , पापियों फरमावेला ।
दया कियां तन दरद उपजे , दान किया दुख पावेला ।
पंडितों ने पूछे न कोई , गुरडा वेद सुणावेला ।
चेलकिया गादी चढ बैठे,गुरुजी ने ज्ञान सुणावेला ।
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भाई ने भाई नहीं जाणे , दुसमण जीऊं देखेला ।
बेटा बाप रो केयो नी माने , घुड्क तणा अखडावेला ।
बुढलिया में अकल नहीं अब , पागल के बतलावेला ।
नेम धर्म अरू कर्म तज देसी सब दिन टका कमावेला ।
ईश्वर ने ईश्वर नहीं जाणे , आप ब्रह्मा बण जावेला ।
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काली मात चलावे चक्कर ,भेरू धमक बजावेला ।
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स्त्रियां गेणो तज देसी , दो दो चूडी राखेला ।
स्वाग भाग सब छोडने बेना , केसां ने सुलजावेला ।
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जात पात री रीत न रेसी , एक जात बण जावेला ।
भांभी भील सरगरा संग में ,भंगी भोजन पकावेला ।
राजाराम कहे मेरे बंध्वा कर्म धर्म हट जावेला ।
कुदरत ऐसी आय बणेला , सभी एक होय जावेला ।
जय राजेश्वर ! जय सनातन धर्म !🙏
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✍ Jagadish aanjana khetlawas 

किसान की पीड़ा

**एक किसान अर पशुपालक हर सरकारी काम खातर रिश्वत दे-दे कर अपणो काम करवावै सै 😔💰 मन में बस एक आस राखै सै— म्हारे छोरा-छोरी ने पढ़ावां 📚 अफस...